
रतलाम 
साई श्री एकेडमी हायर सेकेण्डरी स्कूल का वार्षिक उत्सव “उत्कर्ष” का भव्य आयोजन दिनांक 30 दिसम्बर 2025 को 80, फीट रोड स्थित विद्यालय प्रांगण में बहुत रंगारंग तरीके से किया गया। कार्यक्रम का आकर्षण भव्य रोशनी, सुसज्जित मंच सुव्यवस्थित कार्यक्रम और मनमोहक प्रस्तुतियाँ थी। कक्षा नर्सरी से 12 वीं तक के विद्याथ जियो ने सपने, मोबाईल थीम, डांस का भूत, फैमिली, नेवर गिव अप, राईट टू एजुकेशन, प्लेन क्रैश, युग ड्रामा, नारी सशक्तिकरण, चेयर डांस, गो ग्रीन, रेट्रो और स्टेट डांस थीम पर बहुत ही आकर्षण प्रस्तुतियों दी। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि नगर के प्रथम नागरिक महापौर श्री प्रहलाद जी पटेल और विशेष अतिथि रतलाम नगर निगम अध्यक्ष श्रीमती मनीषा मनोज शर्मा जी रहे मुख्य अतिथियों का स्वागत संस्था के संचालक श्री राकेश जी देसाई, श्रीमती विनिता जी देसाई, डायरेक्टर डा. श्वेता विंचूरकर, प्राचार्या सुश्री अनिजा सदानंदन, श्रीमती फाल्गुनी देसाई, प्राइमरी इन्चार्ज श्रीमती प्रियंका जोशी ने किया। मुख्य अतिथि प्रहलाद पटेल जी ने अपने उद्बोधन में पालकों से बच्चों में संस्कार रोपण पर विशेष आग्रह किया और बच्चों को अपने माता पिता को चरण स्पर्श करने की समझाईश दी, श्रीमती मनीषा शर्मा ने विद्यालय प्रबंधन व स्टाफ के कार्यों एवं छात्रों की उपलब्धियों की प्रशसा करते हुए कहा कि, शहर में होने वाली लगभग सभी प्रतियोगितायों सांस्क्रतिक कार्यक्रमों और खेलकुद में भी साई श्री एकेडमी के बच्चों की न सिर्फ भागीदारी दिखाई देती है बल्कि हर जगसाई श्री एकेडमी
साई श्री एकेडमी हायर सेकेण्डरी स्कूल का वार्षिक उत्सव “उत्कर्ष” का भव्य आयोजन दिनांक 30 दिसम्बर 2025 को 80, फीट रोड स्थित विद्यालय प्रांगण में बहुत रंगारंग तरीके से किया गया। कार्यक्रम का आकर्षण भव्य रोशनी, सुसज्जित मंच सुव्यवस्थित कार्यक्रम और मनमोहक प्रस्तुतियाँ थी। कक्षा नर्सरी से 12 वीं तक के विद्याथ जियो ने सपने, मोबाईल थीम, डांस का भूत, फैमिली, नेवर गिव अप, राईट टू एजुकेशन, प्लेन क्रैश, युग ड्रामा, नारी सशक्तिकरण, चेयर डांस, गो ग्रीन, रेट्रो और स्टेट डांस थीम पर बहुत ही आकर्षण प्रस्तुतियों दी। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि नगर के प्रथम नागरिक महापौर श्री प्रहलाद जी पटेल और विशेष अतिथि रतलाम नगर निगम अध्यक्ष श्रीमती मनीषा मनोज शर्मा जी रहे मुख्य अतिथियों का स्वागत संस्था के संचालक श्री राकेश जी देसाई, श्रीमती विनिता जी देसाई, डायरेक्टर डा. श्वेता विंचूरकर, प्राचार्या सुश्री अनिजा सदानंदन, श्रीमती फाल्गुनी देसाई, प्राइमरी इन्चार्ज श्रीमती प्रियंका जोशी ने किया। मुख्य अतिथि प्रहलाद पटेल जी ने अपने उद्बोधन में पालकों से बच्चों में संस्कार रोपण पर विशेष आग्रह किया और बच्चों को अपने माता पिता को चरण स्पर्श करने की समझाईश दी, श्रीमती मनीषा शर्मा ने विद्यालय प्रबंधन व स्टाफ के कार्यों एवं छात्रों की उपलब्धियों की प्रशसा करते हुए कहा कि, शहर में होने वाली लगभग सभी प्रतियोगितायों सांस्क्रतिक कार्यक्रमों और खेलकुद में भी साई श्री एकेडमी के बच्चों की न सिर्फ भागीदारी दिखाई देती है बल्कि हर जगह यहा के छात्र अपनी जीत दर्ज करते है।
संस्था डायरेक्टर एवं डिस्ट्रीक CBSC सिटी कोर्डीनेटर डा. श्वेता विंचूरकर ने विद्यालय की Annual Report प्रस्तुत करते हुए विद्यालय के 21 वर्षों की सफलता पर प्रकाश डाला और सत्र 2025-26 की महत्वपूर्ण उपलब्धिा, महापौर ट्राफी पर सीनियर गल्स टीम का कन्या, चेतना खेल मेले में भी खो-खो की गल्स और बायेंस टीम का विजेता होना, यूसीमास में फ्लेश कार्ड प्रतियोगिता में आशिया शेख का चैम्पीयन व भूवनेश मित्तल (कक्षा 10वीं) और ईशा साहू (कक्षा 12वी) का जिले की मेरीट में द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने का उल्लेख किया। कार्यक्रम का संचालन भूपेन्द्र बैरागी, सोनिया शर्मा, अवनी जोशी, हिमांशी तिवारी, लक्षिता शर्मा, मुद्रिका मिश्रा और इरा सेक्सन, गतिक साल्वी ने किया। आभार प्रदर्शन प्राचार्या सुश्री अनिजा सदानंदन ने किया।ह यहा के छात्र अपनी जीत दर्ज करते है।
संस्था डायरेक्टर एवं डिस्ट्रीक CBSC सिटी कोर्डीनेटर डा. श्वेता विंचूरकर ने विद्यालय की Annual Report प्रस्तुत करते हुए विद्यालय के 21 वर्षों की सफलता पर प्रकाश डाला और सत्र 2025-26 की महत्वपूर्ण उपलब्धिा, महापौर ट्राफी पर सीनियर गल्स टीम का कन्या, चेतना खेल मेले में भी खो-खो की गल्स और बायेंस टीम का विजेता होना, यूसीमास में फ्लेश कार्ड प्रतियोगिता में आशिया शेख का चैम्पीयन व भूवनेश मित्तल (कक्षा 10वीं) और ईशा साहू (कक्षा 12वी) का जिले की मेरीट में द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने का उल्लेख किया। कार्यक्रम का संचालन भूपेन्द्र बैरागी, सोनिया शर्मा, अवनी जोशी, हिमांशी तिवारी, लक्षिता शर्मा, मुद्रिका मिश्रा और इरा सेक्सन, गतिक साल्वी ने किया। आभार प्रदर्शन प्राचार्या सुश्री अनिजा सदानंदन ने किया।




